Friday, July 08, 2011

Ekka - common man,s chariot.

4 comments:

प्रवीण पाण्डेय said...

धन्नो और बसन्ती का तराना भी।

निर्मला कपिला said...

बढिया है अब पेट्रोल मंहगा हो गया है कार की बजाये इसी पर पिकनिक की यात्रा अच्छी रहेगी।

Babli said...

Wonderful picture. Lovely shot.
Are you devotee of Sri Aurobindo?

वर्षा said...

एक बार लखनऊ में हम दोस्तों ने यूं ही एक इक्केवाले को रोक लिया और हजरत गंज की सैर इक्के पर बैठ कर की...उधर की तरफ इक्के नहीं चलते, भूलभूलैया के पास तो मिल जाते हैं। तबर सड़क चलते लोग हमें घूरते रहे, कुछ पीछे भी हो लिए, धन्नो-बसंती के ताने-तराने भी सुने, याद आ गई वो बात। बड़ी मज़ेदार।